आप लोगों ने मेरी बाबरी विध्वंस की सीरीज़ पढी आज मैं उस सीरीज़ का आखिरी लेख पेश कर रहा हूं। इस लेख में हम बाबरी मस्ज़िद/राम मन्दिर मुद्दे के संभावित हलों के बारे में बात करेंगे। इस विषय पर मैनें बहुत से आम आदमीयों से बात की, मैनें जानना चाहा की आम आदमी क्या चाहता हैं। यही एक वजह थी की मैं इतने दिन के अन्तराल के बाद ये लेख लिख रहा हूं। इस बातचीत में हर वर्ग, धर्म, उम्र और जाति के लोग शामिल थे।