कल लिब्राहन आयोग की रिपोर्ट को सदन में पेश किया गया था जिसमें कुछ नया नही है सब पुरानी बातें जो हर हिन्दुस्तानी को पता है, कौन दोषी है?? किसने किया???? कौन था जिसने लोगों की भावनाओं को भडकाया?? कौन था जिसने ये सब प्लान किया?? बरहाल लिब्रहान आयोग नें आडवाणी, अटल बिहारी वाजपेयी, कल्याण सिंह, उमा भारती, साध्वी रितम्भरा, मुरली मनोहर जोशी प्रमोद महाजन, विनय कटियार, अशोक सिंहल और प्रवीण तोगड़िया सहित पर्दे के पीछे से इन सभी को 'हांकने' वाले संघ नेतृत्व को दोषी ठहराया है।
रिपोर्ट सामने आने के बाद भाजपा ने अट्ल बिहारी वाजपेयी जी को दोषी ठहराने पर विरोध किया लेकिन अटल बिहारी वाजपेयी भी दोषी है, अटल जी की छवि भारत में संघ द्वारा कुछ इस तरह की बनाई गई थी जिनके चेहरे पर एक मुखोटा लगा हुआ था जो कहता कुछ और था और करता कुछ और था।
अटल जी को सब कुछ पता था की 6 दिसम्बर 1992 को वहां क्या होने वाला है क्यौंकि वो भी संघ के इशारे पर काम करने वालों में से थे...इसका बयान उन्होने खुद अमेरिका में विहिप के कार्यकर्ताओं के सामने अपने आपको संघ का निष्ठावान कार्यकर्ता बताकर किया था।

